Breaking :
||धनबाद रेल मंडल में बड़ा हादसा, हाईटेंशन तार की चपेट में आने से छह लोग ज़िंदा जले, दो लातेहार व दो सतबरवा के सगे भाई शामिल||लातेहार: मनिका इलाके से TSPC के छह उग्रवादी हथियार के साथ गिरफ्तार||यात्रीगण कृपया ध्यान दें! बीडीएम सवारी गाड़ी के परिचालन पर फिर लगी रोक, 29 मई से शुरू होना था परिचालन, अब इस..||चतरा: TSPC के एरिया कमांडर समेत तीन उग्रवादी गिरफ्तार, विदेशी हथियार बरामद||पलामू: TSPC सुप्रीमो की पत्नी को लेवी के पैसे पहुंचाने जा रहे दो उग्रवादी गिरफ्तार||लातेहार: माओवादियों ने पुल निर्माण स्थल पर मचाया उत्पात, एक पोकलेन और चार ट्रैक्टरों में लगा दी आग||पलामू: बैंक में पैसा जमा करने जा रहे युवक से बदमाशों ने लूट लिये 63 हजार||पलामू: प्रेम प्रसंग में नाबालिग छात्रा हुई गर्भवती, गर्भपात की दवा खाने पर बिगड़ी हालत||आशुतोष कुमार लातेहार और बबलू कुमार बने चंदवा के थाना प्रभारी||पलामू में आर्केस्ट्रा के दौरान जमकर मारपीट, उप मुखिया ने भाजपा नेता सहित चार को दांतों से काटकर किया घायल

समस्या का समाधान नहीं हुआ तो 31 जुलाई से फुलबसिया, आरा, चमातू कोयला खदान क्षेत्र के रैयत करेंगे आंदोलन

रामकुमार/लातेहार

आरा, चमातु, फुलबसिया के दर्जनों ग्रामीणों ने मुखिया के नेतृत्व में उपायुक्त को दिया आवेदन

लातेहार : बालूमाथ प्रखंड के फुलबसिया, आरा, चमातू के दर्जनों भू-रैयतों ने लातेहार उपायुक्त को अपनी 6 सूत्री मांगों को लेकर ज्ञापन सौंपा है।

भूमि रैयतों का कहना है कि सीसीएल के मगध संघमित्रा द्वारा संचालित कोयला खदान क्षेत्र के रैयतों की बंदोबस्त भूमि पर विस्थापन नीति के तहत सीसीएल क्षेत्र में विकास की सुविधा दिए बगैर जबरन जमीन पर खनन कर रही है।

लातेहार की ताज़ा ख़बरों के लिए व्हाट्सप्प ग्रुप ज्वाइन करें

कहा कि यह जमीन हमारी रोजी-रोटी का जरिया है, अगर सीसीएल हमें बंदोबस्त भूमि के लिए नौकरी व मुआवजा नहीं देती है तो 31 जुलाई से हम रैयत हड़ताल करेंगे और सीसीएल का काम बंद कर देंगे। जिसकी पूरी जिम्मेदारी जिला प्रशासन की होगी। आंदोलन के दौरान परिवहन सड़क, खनन और सीसीएल के किसी भी अन्य प्रकार के कार्य की अनुमति नहीं दी जाएगी।

आवेदन की कॉपी कई वरिष्ठ अधिकारियों को दी गई है। इस परियोजना क्षेत्र में पीने का शुद्ध पानी नहीं है, अच्छा स्कूल नहीं है, चिकित्सा व्यवस्था नहीं है, यहां के लोगों को केवल धूल के कण मिल रहे हैं।

ज्ञापन दें आये दर्जनों विस्थापित रैयतों में रामनंदन साव, रवि प्रकाश, बालदेव साव, संदीप राम, बरतु गंझू, राम प्रवेश साव, रगबीर साव, ठुपा भगत, राजेन्द्र राम, खुसियाल साव, दिलेश्वर साव, मुकेश साव, रघुनंदन साव का का नाम शामिल है।