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झाड़-फूंक के चक्कर में फंसकर छात्रा की हालत नाजुक, रिम्स में पड़ी है बेसुध

एक तरफ दुनिया काफी आगे बढ़ चुकी है, दूसरी ओर अन्धविश्वास ख़त्म होने का नाम नहीं ले रहा। ऐसा ही एक मामला झारखण्ड के चतरा जिले से आया है। जहाँ बीमार युवती को झाड़ फूंक कर ठीक करने के दावे कर मौलवी ने उसे तीन दिनों तक अपने पास रखा । जब वह ठीक नहीं हुई तो लड़की के परिजन उसे डॉक्टर के पास लेकर आए। फिलहाल युवती का रांची के रिम्स में इलाज चल रहा है।

घटना चतरा जिले के पितरडीह गांव की है। सत्रह साल की युवती होली के बाद बीमार हो गई। पीड़िता के पिता के अनुसार सात भाई-बहनों में वह युवती पांचवें नंबर पर है। उसकी आठवीं कक्षा की पढाई मडवा स्थित स्कूल से हो रही थी। कुछ सालों से वह पूरे घर की देखभाल करती थी। दो बड़ी बेटियों की शादी हो चुकी है। वे ससुराल में रहती हैं। बेटा अलग रहता है। इस वजह से युवती ही घर की जिम्मेदारी संभाल रही थी। लेकिन होली के बाद से बीमार पड़ने के बाद और फिर मौलवी के झाड़ फूंक ने उसे अस्पताल पंहुचा दिया। वह अब जिंदगी और मौत से जंग लड़ रही है।

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क्या है मामला –

धीरेन गंझू का कहना है कि होली खेलने के बाद लड़की अचानक बीमार पड़ गई । मामले की जानकारी लावालौंग निवासी मौलवी को मिली तो वह धीरेन गंझू के घर पहुंचे और उस लड़की को ठीक करने का दावा किया। लड़की के पिता ने बताया कि हमने इसे यहीं ठीक करने के लिए कहा था, लेकिन मौलवी ने मना कर दिया और उसके घर आने को कहा।

दिन में परिवार जनों के साथ और रात में मौलवी के साथ रहती थी लड़की

मौलवी के दावे से परिवार के लोग अंधविश्वास में आ गए। वे लोग लड़की को मौलवी के पास ले गए। उन्होंने यह भी बताया कि लड़की दिन भर हमारे साथ रहती थी। लेकिन रात में मौलवी उसे झाड़-फूंक के नाम पर कमरे में ले जाता था। फिर वह सुबह निकल जाता था।

लड़की को अगरबत्ती से जलाया और पिटाई भी की

मौलवी लकड़ी के टुकड़ों को लड़की के हाथ की उंगलियों के बीच दबाता था और कहता था जल्दी बोलो। मौलवी ने बताया कि उस पर बुरी आत्माओं का साया है। इस कारण कोई असर नहीं हो रहा है। मौलवी लड़की को अगरबत्ती से जलाता था और बुरी आत्माओं को भगाने के लिए कथित तौर पर उसकी पिटाई करता था। मौलवी ने लड़की के चेहरे, होठों और हाथों को अगरबत्ती से जला दिया। तीसरे दिन धीरेन गंजू ने यह सब नहीं देखा और उन्हें चतरा के सदर अस्पताल ले जाया गया। हालत बिगड़ने पर उन्हें रांची के रिम्स में भर्ती कराया गया।

पुलिस ने आरोपी को किया गिरफ्तार

इधर, मामले को लेकर लड़की के परिवार ने आरोपित मौलवी मोहम्मद वाहिद के खिलाफ लावालौंग थाने में प्राथमिकी दर्ज करायी है। पुलिस ने थाने में शिकायत दर्ज कर आरोपी मौलवी को गिरफ्तार कर लिया है। मौलवी के खिलाफ आईपीसी की धारा 307 और यौन अपराधों से बच्चों का संरक्षण अधिनियम के तहत कार्रवाई करते हुए उन्हें जेल भेज दिया गया।

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