Breaking :
||पलामू: मनरेगा कार्य में लापरवाही बरतने के आरोप में दो जेई सेवामुक्त, एक पर कानूनी कार्रवाई करने का निर्देश||हेमंत सरकार पर जमकर बरसे अमित शाह, उखाड़ फेंकने का आह्वान||NDA प्रत्याशी सुनीता चौधरी ने किया नामांकन, बोले सुदेश हेमंत सरकार में व्याप्त भ्रष्टाचार, झूठ और वादों को तोड़ने के मुद्दे पर होगा चुनाव||जमानत अवधि पूरी होने के बाद निलंबित IAS पूजा सिंघल ने किया ED कोर्ट में सरेंडर||एकतरफा प्यार में बाइक सवार मनचले ने स्कूटी सवार युवती को धक्का देकर मार डाला||आजसू ने रामगढ़ विधानसभा सीट से सुनीता चौधरी को मैदान में उतारा||झारखंड में अब मुफ्त नहीं मिलेगा पानी, सरकार को देना होगा 3.80 रुपये प्रति लीटर की दर से वाटर टैक्स||27 फरवरी से 24 मार्च तक झारखंड विधानसभा का बजट सत्र, राज्यपाल की मिली स्वीकृति||लातेहार: ऑपरेशन OCTOPUS के दौरान सुरक्षाबलों को मिली एक और बड़ी सफलता, अत्याधुनिक हथियार समेत भारी मात्रा में विस्फोटक बरामद||लातेहार: बालूमाथ में विवाहिता की गला रेत कर हत्या, जांच में जुटी पुलिस

लातेहार: तुबेद कोल माइंस के प्रभावित रैयतों व कंपनी के अधिकारियों की बैठक, दस सूत्री मांगों पर चर्चा

लातेहार : सदर प्रखड स्थित तुबेद कोल माइंस के प्रभावित रैयतों व डीवीसी कंपनी के अधिकारियों की एक बैठक शनिवार को डीही पंचायत सचिवालय में हुई। बैठक की अध्यक्षता मुखिया संदीप उरांव ने की। बैठक में डीवीसी कंपनी के ईडी माइनिंग सुधीर मुखर्जी व एसी माइनिंग मनीष कुमार उपस्थित थे।

बैठक में रैयतों के दस सूत्री मांगों पर चर्चा हुई। जिसमें रैयतों ने कहा कि यदि कंपनी हमारी दस सूत्री मांगों पर विचार करती है तो हमलोग कंपनी को हर संभव सहायता करने के लिए तैयार हैं।

रैयतों ने कहा कि कंपनी को अपने पुराने रवैये को छोड़ना होगा और रैयतों से मिल कर उनकी समस्याओं को सुने। दलाल व बिचौलियों के चक्कर में न पड़े, तभी इस क्षेत्र में कोल माइंस खुल पायेगा।

आगे कहा कि कंपनी रैयतों के प्रतिनिधि व पंचायत प्रतिनिधि मंडल के साथ मिलकर प्रभावित स्थल पर भूमि का सत्यापन कराये। ताकि रैयतों को कार्यालयों का चक्कर नहीं लगाना पड़े। हाल सर्वे की खामियों को दूर कर जोत-कोड़ व कब्जा के हिसाब से भूमि का भुगतान करे।

रैयतों ने कहा कि कंपनी भेदभाव को छोड़ कर सभी को एक समान भुगतान करे। भूदान की जमीन को पंचायत प्रतिनिधिमंडल से सत्यापन कराकर भुगतान किया जाय। गैर मजरूआ, वन भूमि व बिहार सरकार हाल सर्वे रिपोर्ट की खामियों को दूर कर असली रैयतों को चिन्हित कर भुगतान किया जाय।

बैठक में विस्थापन, पुनर्वास, पेयजल व नौकरी समेत कई अन्य मामलों पर चर्चा की गयी। अंत में सभी दस प्रस्ताव को पढ़कर सुनाया गया। जिसपर कंपनी के अधिकारियों ने हस्ताक्षर करते हुए कहा कि कंपनी सभी मामलों पर सहमत है।

बैठक में कांग्रेस के मीडिया प्रभारी पंकज तिवारी, उमर आलम, बॉबी हुसैन, सुजीत सिंह, मनोज सिंह, लालधारी उरांव, राजेश भुइयां, गोविन्द भुइयां, रहमतुल्ला अंसारी समेत कई रैयत व ग्रामीण उपस्थित थे।


Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *